आस्था और विकास का संगम बनी अयोध्या, पर्यटन और रोजगार में दर्ज हुई तेज़ बढ़त

Ayodhya News: श्रीरामलला प्राण-प्रतिष्ठा के दो वर्षों में अयोध्या में पर्यटन, अवसंरचना और रोजगार के क्षेत्र में हुई प्रगति पर आधारित रिपोर्ट।
News Desk 30 Dec 2025, 07:13 PM 1 min read
आस्था और विकास का संगम बनी अयोध्या, पर्यटन और रोजगार में दर्ज हुई तेज़ बढ़त


>श्रीराम जन्मभूमि पर श्रीरामलला की प्राण-प्रतिष्ठा के दो वर्ष पूरे होने के साथ अयोध्या में विकास गतिविधियों और पर्यटन आवागमन में उल्लेखनीय वृद्धि दर्ज की गई है। धार्मिक आस्था के केंद्र के रूप में पहचानी जाने वाली अयोध्या में बीते दो वर्षों में अवसंरचना, आवास, परिवहन और सेवा क्षेत्रों में बड़े पैमाने पर परियोजनाएं लागू की गईं, जिनका असर स्थानीय अर्थव्यवस्था और रोजगार पर दिखाई दे रहा है।


>आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार, जनवरी से जून के बीच अयोध्या में देश-विदेश से आने वाले पर्यटकों की संख्या में तीव्र बढ़ोतरी दर्ज हुई। पर्यटन विभाग के आकलन में इस अवधि में करोड़ों श्रद्धालुओं और पर्यटकों के आगमन की बात सामने आई है। शहर में चल रही लगभग 85 हजार करोड़ रुपये की विभिन्न विकास परियोजनाओं के तहत सड़क नेटवर्क, सार्वजनिक सुविधाएं और नागरिक सेवाओं का विस्तार किया गया।


>अयोध्या को अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप विकसित करने के लिए हवाई, रेल और सड़क संपर्क पर विशेष ध्यान दिया गया। महर्षि वाल्मिकि अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट के संचालन से हवाई संपर्क मजबूत हुआ है, जबकि रेलवे स्टेशन और प्रमुख मार्गों रामपथ, भक्ति पथ और जन्मभूमि पथ के विकास से शहर के भीतर आवागमन सुगम हुआ है।


>पर्यटन क्षेत्र में धार्मिक पर्यटन के साथ सांस्कृतिक और विरासत पर्यटन को भी बढ़ावा मिला है। होटल, होम-स्टे, गाइड सेवाएं, हस्तशिल्प और स्थानीय व्यवसायों में गतिविधियां बढ़ी हैं। अयोध्या मंडल में 19 गांवों को होमस्टे विकास के लिए चिन्हित किया गया है। जिले के अमौनी, शेरवाघाट, अबानपुर सरोहा, गौराघाट और रामपुरवा सहित कई गांवों में लगभग 50 होमस्टे संचालित या निर्माणाधीन हैं। प्रशासनिक रिकॉर्ड के अनुसार, जिले में 1,100 से अधिक होमस्टे पंजीकृत हैं, जो पर्यटकों को निर्धारित दरों पर आवास उपलब्ध करा रहे हैं।


>इस विकास का प्रभाव रोजगार पर भी पड़ा है। टूरिज्म, एविएशन, परिवहन, सुरक्षा, इवेंट प्रबंधन और सेवा क्षेत्रों में स्थानीय युवाओं के लिए अवसर बढ़े हैं। स्थानीय व्यापारियों और सेवा प्रदाताओं की आय में वृद्धि की रिपोर्ट सामने आई है। निजी क्षेत्र में कार्यरत युवाओं को औसतन बेहतर वेतन मिलने की जानकारी दी गई है।


>राज्य सरकार के नेतृत्व में, विशेष रूप से मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के कार्यकाल में, अयोध्या में लागू की गई विकास योजनाओं ने शहर की पहचान को धार्मिक केंद्र के साथ-साथ पर्यटन और सेवा आधारित अर्थव्यवस्था के रूप में विस्तारित किया है।

← Previous Story Next Story →

 

टिप्पणियाँ

टिप्पणी करने के लिए लॉगिन करें


Related News

राम मंदिर चढ़ावा मामले में सात दिन बाद आई पहली रिपोर्ट, अब किस पर टिकेंगी निगाहें?
बिना जेब वाले कपड़े, फ्रिस्किंग और नई टीम... राम मंदिर में दान गिनती व्यवस्था में बड़े बदलाव
चांदी का हार और चरण पादुका चढ़ाने के बाद रसीद नहीं मिली? राम मंदिर मामले में SIT की जांच तेज
सरयू में स्नान बना काल, अंबेडकरनगर के युवक की डूबने से मौत
राम मंदिर दान राशि विवाद के बीच एसआईटी पहुंची परिसर, शिवपाल यादव ने उठाए सवाल
राम मंदिर चढ़ावा जांच में चंपत राय समेत चार नामों पर फोकस, दूसरे दिन भी जारी रही पूछताछ
राम मंदिर दान विवाद के बीच नृपेंद्र मिश्र ने बताया, SIT जांच का असली मकसद क्या है
राम मंदिर दानपात्र विवाद में आया नया मोड़, छापेमारी में मिले लाखों रुपये
'सब बेईमान हैं, किस-किस का नाम गिनाऊं', राम मंदिर विवाद में महंत कमल नयन दास की टिप्पणी से बड़ी हलचल