लखनऊ को 1519 करोड़ के ग्रीन कॉरिडोर की सौगात, सीएम बोले- अब सच में ‘मुस्कुराइए आप लखनऊ में हैं’

रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह और सीएम योगी ने लखनऊ में 1519 करोड़ की ग्रीन कॉरिडोर परियोजना का लोकार्पण और शिलान्यास किया। इससे शहर में यातायात और कनेक्टिविटी बेहतर होगी।
Bureau 13 Mar 2026, 09:38 PM 1 min read
लखनऊ को 1519 करोड़ के ग्रीन कॉरिडोर की सौगात, सीएम बोले- अब सच में ‘मुस्कुराइए आप लखनऊ में हैं’

राजधानी लखनऊ को यातायात व्यवस्था को सुगम बनाने की दिशा में बड़ी सौगात मिली है। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शुक्रवार को 1,519 करोड़ रुपये की लागत से तैयार ग्रीन कॉरिडोर परियोजना के विभिन्न चरणों का लोकार्पण और शिलान्यास किया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने कहा कि लखनऊ अब वास्तव में “मुस्कुराइए कि आप लखनऊ में हैं” की पहचान को साकार कर रहा है और आधुनिक राजधानी के रूप में तेजी से विकसित हो रहा है।

 

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि किसी भी राज्य की राजधानी ऐसी होनी चाहिए, जहां नागरिकों का जीवन सुगम हो और वे कम समय में अपने गंतव्य तक पहुंच सकें। इसी उद्देश्य से लखनऊ में कनेक्टिविटी और आधुनिक इंफ्रास्ट्रक्चर को तेजी से विकसित किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि ग्रीन कॉरिडोर की अवधारणा रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह के विजन से सामने आई और लखनऊ विकास प्राधिकरण ने इसे मूर्त रूप दिया।

 

मुख्यमंत्री ने कहा कि इस परियोजना के लिए अलग से सरकारी बजट नहीं दिया गया। लखनऊ विकास प्राधिकरण ने शहर की सरकारी भूमि को अवैध कब्जों से मुक्त कर उसका उपयोग किया और उसी से संसाधन जुटाकर करीब 1,519 करोड़ रुपये की लागत से यह परियोजना तैयार की गई।

 

ग्रीन कॉरिडोर परियोजना लगभग 28 किलोमीटर लंबी है। इसके अंतर्गत आईआईएम रोड से पक्का पुल तथा पक्का पुल (डालीगंज) से समता मूलक चौराहा तक के दो चरणों का निर्माण पूरा कर उनका लोकार्पण किया गया। वहीं समता मूलक चौराहा से शहीद पथ और शहीद पथ से किसान पथ तक के तीसरे और चौथे चरण का शिलान्यास किया गया।

 

मुख्यमंत्री ने कहा कि इस परियोजना के पूरा होने से शहर में यातायात व्यवस्था में बड़ा बदलाव आएगा। पहले जिन मार्गों पर 45 मिनट से एक घंटे का समय लगता था, अब वही दूरी 10 से 15 मिनट में तय की जा सकेगी। इससे समय की बचत होगी और ट्रैफिक जाम की समस्या भी कम होगी।

उन्होंने कहा कि लखनऊ आज आधुनिक राजधानी के मॉडल के रूप में उभर रहा है। शहर में बेहतर सड़कें, स्वच्छता और आधुनिक सुविधाओं के कारण देश-विदेश से आने वाले लोग इसकी सराहना करते हैं।

 

मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि लखनऊ केवल इंफ्रास्ट्रक्चर के क्षेत्र में ही नहीं, बल्कि टेक्नोलॉजी और रक्षा उत्पादन के क्षेत्र में भी तेजी से आगे बढ़ रहा है। ब्रह्मोस मिसाइल परियोजना की स्थापना के बाद यहां युवाओं के लिए इंजीनियरिंग और तकनीकी क्षेत्र में रोजगार के अवसर बढ़े हैं।

राज्य सरकार लखनऊ को स्टेट कैपिटल रीजन (SCR) के रूप में विकसित करने की दिशा में भी कार्य कर रही है, जिससे राजधानी और आसपास के क्षेत्रों का समग्र विकास तेजी से हो सकेगा।

 

कार्यक्रम के दौरान रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने निर्माण कार्य में लगे कर्मियों का सम्मान किया और उनके साथ समूह फोटो भी कराया। इस अवसर पर उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक, वित्त मंत्री सुरेश खन्ना, राज्यसभा सांसद डॉ. दिनेश शर्मा, संजय सेठ, लखनऊ की महापौर सुषमा खर्कवाल सहित अनेक जनप्रतिनिधि उपस्थित रहे।

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