>गोरखपुर, 10 जुलाई। गुरु पूर्णिमा के पावन पर्व पर उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री एवं गोरक्षपीठाधीश्वर योगी आदित्यनाथ ने गुरुवर महायोगी गोरखनाथ जी का नाथपंथीय परंपरा के अनुरूप विशेष पूजन कर आध्यात्मिक श्रद्धा व्यक्त की। गुरुवार की भोर से ही गोरखनाथ मंदिर में वैदिक मंत्रोच्चार के साथ भव्य धार्मिक अनुष्ठानों की शुरुआत हुई, जिसका समापन महाआरती के साथ हुआ।
>सीएम योगी ने अपने गुरुदेव ब्रह्मलीन महंत अवेद्यनाथ, दादागुरु ब्रह्मलीन महंत दिग्विजयनाथ, तथा नाथपंथ के सभी पूज्य गुरुओं के चरणों में श्रद्धा सुमन अर्पित किए। उन्होंने समाधि स्थलों पर जाकर वैदिक विधि से पूजन किया और जनकल्याण के मार्ग पर मार्गदर्शन हेतु आशीर्वाद मांगा।
>नाथ परंपरा का दिव्य दर्शन
>गुरु पूर्णिमा का यह विशेष पर्व गोरखनाथ मंदिर परिसर में आध्यात्मिक आस्था का केंद्र बन गया। सीएम योगी ने मंदिर परिसर में मौजूद सभी देव विग्रहों व गुरुपूज्य प्रतिमाओं का भी श्रद्धापूर्वक पूजन किया। उन्होंने नाथपंथ की विशेष परंपरा अनुसार गुरु गोरखनाथ जी को रोट का महाप्रसाद भी अर्पित किया।
>पूजन के बाद हुई महाआरती में मंदिर परिसर भक्तिरस से सराबोर हो गया। पूरे कार्यक्रम में वैदिक संस्कृति, योग परंपरा और गुरु-शिष्य परंपरा की दिव्यता झलकती रही। इस अवसर पर योगी आदित्यनाथ ने सभी देशवासियों को गुरु पूर्णिमा की शुभकामनाएं दीं और गुरु परंपरा को भारत की आध्यात्मिक धरोहर बताया।
टिप्पणियाँ
टिप्पणी करने के लिए लॉगिन करें