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कथक, राई, आल्हा और सूफी संगीत... यूपी ट्रेड शो में दिखेगी पूरे प्रदेश की संस्कृति

25 से 29 सितंबर तक ग्रेटर नोएडा में होने वाले यूपी इंटरनेशनल ट्रेड शो में काशी, बुंदेलखंड, अवध, ब्रज और तराई की लोक एवं शास्त्रीय परंपराओं की प्रस्तुतियां होंगी।
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Bureau News Desk
19 Sep 2026
07:26 PM
1 min read
कथक, राई, आल्हा और सूफी संगीत... यूपी ट्रेड शो में दिखेगी पूरे प्रदेश की संस्कृति
हाइलाइट्स
यूपी इंटरनेशनल ट्रेड शो 2026 का आयोजन 25 से 29 सितंबर तक ग्रेटर नोएडा में होगा।
सांस्कृतिक कार्यक्रम इंडिया एक्सपो सेंटर एंड मार्ट में आयोजित किए जाएंगे।
कथक, सितार, गजल, भरतनाट्यम, पखावज और सूफी संगीत जैसी प्रस्तुतियां शामिल हैं।
झांसी का राई, महोबा का आल्हा और पीलीभीत का थारू जनजातीय नृत्य भी कार्यक्रम का हिस्सा हैं।

उत्तर प्रदेश की औद्योगिक और व्यापारिक गतिविधियों के साथ प्रदेश की सांस्कृतिक विविधता भी यूपी इंटरनेशनल ट्रेड शो में प्रदर्शित की जाएगी। 25 से 29 सितंबर तक ग्रेटर नोएडा स्थित इंडिया एक्सपो सेंटर एंड मार्ट में आयोजित होने वाले ट्रेड शो में पांच दिनों तक अलग-अलग सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तावित हैं। इनमें शास्त्रीय संगीत, कथक, लोक नृत्य, भजन, लोक गायन, आल्हा, सूफी संगीत और अन्य प्रस्तुतियां शामिल हैं। उत्तर प्रदेश एक्सप्रेसवेज इंडस्ट्रियल डेवलपमेंट अथॉरिटी की आधिकारिक जानकारी के अनुसार, 2026 का यूपी इंटरनेशनल ट्रेड शो 25 से 29 सितंबर तक इंडिया एक्सपो सेंटर एंड मार्ट, ग्रेटर नोएडा में आयोजित किया जा रहा है।

ट्रेड शो के सांस्कृतिक कार्यक्रमों में उत्तर प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों से जुड़े कलाकारों को प्रस्तुति का अवसर दिया जाएगा। कार्यक्रमों में काशी की शास्त्रीय परंपरा से लेकर बुंदेलखंड के राई और आल्हा गायन, ब्रज क्षेत्र के लोक नृत्य, अवध की सांगीतिक परंपरा तथा तराई क्षेत्र के थारू जनजातीय नृत्य तक शामिल हैं। इस कार्यक्रम के जरिए ट्रेड शो में आने वाले आगंतुकों को प्रदेश के अलग-अलग सांस्कृतिक अंचलों की कला परंपराओं को एक ही मंच पर देखने का अवसर मिलेगा।

25 सितंबर को सांस्कृतिक कार्यक्रमों की शुरुआत शंख वादन और वैदिक मंगलाचरण से होगी। वाराणसी के विशाल कुमार की प्रस्तुति के बाद नोएडा के पं. चेतन जोशी वाद्य संगीत प्रस्तुत करेंगे। इसी दिन लखनऊ की अलोकनिशा श्रीवास्तव कथक नृत्य प्रस्तुत करेंगी। प्रयागराज की पूर्णिमा ढेढ़िया लोक नृत्य और वृंदावन की आरती खेतपाल भजन प्रस्तुति देंगी। इस तरह पहले ही दिन शास्त्रीय संगीत, नृत्य, लोक कला और भक्ति संगीत की विभिन्न शैलियों को कार्यक्रम में शामिल किया गया है।

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26 सितंबर के कार्यक्रम में पखावज युगल, भोजपुरी लोक गायन, कथक, मथुरा का लोक नृत्य और स्टार नाइट शामिल होंगे। पखावज युगल में दिल्ली के पं. रविशंकर उपाध्याय और पं. ऋषि शंकर उपाध्याय प्रस्तुति देंगे। भोजपुरी लोक गायन में मिर्जापुर की कुसुम पांडेय और जौनपुर के अवनीश तिवारी शामिल होंगे। नोएडा की मर्यादा कुलश्रेष्ठ कथक की प्रस्तुति देंगी, जबकि मथुरा की सीमा मावल लोक नृत्य प्रस्तुत करेंगी। सुल्तानपुर की निष्ठा शर्मा स्टार नाइट में प्रस्तुति देंगी।

27 सितंबर को कार्यक्रमों में सैक्सोफोन वाद्य संगीत, भजन एवं लोक गायन, झांसी का राई लोक नृत्य, भरतनाट्यम और स्टार नाइट शामिल होंगे। राई बुंदेलखंड क्षेत्र की प्रमुख लोक नृत्य परंपराओं में शामिल है। ट्रेड शो में झांसी से राई लोक नृत्य की प्रस्तुति इस क्षेत्र की सांस्कृतिक पहचान को मंच प्रदान करेगी। इसी दिन शास्त्रीय नृत्य शैली भरतनाट्यम और लोक गायन के साथ वाद्य संगीत का कार्यक्रम भी रखा गया है।

28 सितंबर के सांस्कृतिक कार्यक्रमों में लखनऊ के भातखंडे संस्कृति विश्वविद्यालय का परकशन एन्सेंबल शामिल है। इसके अलावा महोबा के जितेंद्र चौरसिया आल्हा गायन प्रस्तुत करेंगे। इस दिन कथक और पीलीभीत का थारू जनजातीय नृत्य भी कार्यक्रम का हिस्सा होगा। सुल्तानपुर की रूपाली जोग्गू सूफी नाइट में प्रस्तुति देंगी। इस दिन का कार्यक्रम उत्तर प्रदेश की लोक और जनजातीय परंपराओं के साथ शास्त्रीय तथा सूफी संगीत को भी एक मंच पर लाएगा।

पांच दिवसीय सांस्कृतिक कार्यक्रमों का समापन 29 सितंबर को होगा। इस दिन वाराणसी के पद्मश्री पं. शिवनाथ मिश्रा सितार वादन प्रस्तुत करेंगे। इसके अलावा लखनऊ के कमाल खान का गजल गायन, गाजियाबाद की मिताली सैनी का कथक और ‘कथक ऑफ इंडिया/यूपी’ की कोरियोग्राफ्ड प्रस्तुति कार्यक्रम में शामिल होगी। दिन के कार्यक्रमों के साथ स्टार नाइट भी आयोजित की जाएगी। इससे पांच दिनों के कार्यक्रम में उत्तर प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों की लोक एवं शास्त्रीय कलाओं के साथ संगीत की अलग-अलग विधाओं को भी शामिल किया गया है।

ट्रेड शो के सांस्कृतिक कार्यक्रमों में उत्तर प्रदेश के कई भौगोलिक और सांस्कृतिक अंचलों का प्रतिनिधित्व दिखाई देता है। वाराणसी की शास्त्रीय संगीत परंपरा, मथुरा और वृंदावन की लोक एवं भक्ति परंपराएं, बुंदेलखंड का राई और आल्हा, अवध की संगीत परंपरा तथा तराई क्षेत्र का थारू नृत्य कार्यक्रमों में शामिल है। इसके अलावा प्रयागराज, लखनऊ, नोएडा, जौनपुर, मिर्जापुर, झांसी, महोबा, पीलीभीत, सुल्तानपुर और गाजियाबाद सहित कई शहरों और क्षेत्रों के कलाकार प्रस्तुतियां देंगे।

यूपी इंटरनेशनल ट्रेड शो का मुख्य आयोजन व्यापार, उद्योग और निवेश से संबंधित गतिविधियों पर केंद्रित है। इसके साथ सांस्कृतिक कार्यक्रमों को शामिल किए जाने से आयोजन में कला और सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के लिए भी स्थान बनाया गया है। उत्तर प्रदेश सरकार से संबंधित आधिकारिक स्रोतों में 2026 के ट्रेड शो के आयोजन की पुष्टि की गई है। यूपीडा की वेबसाइट पर इंडिया एक्सपो सेंटर एंड मार्ट, ग्रेटर नोएडा में 25 से 29 सितंबर 2026 तक यूपी इंटरनेशनल ट्रेड शो आयोजित किए जाने का उल्लेख है। पिछले संस्करण में भी ट्रेड शो के दौरान सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किए गए थे। इन्वेस्ट यूपी के अनुसार, 2025 के आयोजन में देश-विदेश के खरीदारों और बड़ी संख्या में प्रदर्शकों की भागीदारी रही थी तथा सांस्कृतिक प्रस्तुतियां भी आयोजन का हिस्सा थीं।

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